मंगलवार, 23 दिसंबर 2025

रिफाइंड के नाम पर [ नवगीत ]

 773/2025


 


©शब्दकार

डॉ.भगवत स्वरूप 'शुभम्'


रिफाइंड के नाम पर

और जहरीला 

बना दिया गया है तेल।


कुदरती  में

जब 'आदमी' तत्त्व जा  मिला

असली को

नकली करने का ये सिलसिला

शुरू कर ही

देता है 

एक अलग ही घालमेल।


सभी जानते हैं

खाते हैं खिलाते हैं

पानी में

दूध की तरह मिलाते हैं

पकड़े भी जाएँ

तो क्या है

चले जाते हैं जेल।


बड़ा ही सहनशील है

जिसे कहा जाता है आदमी

ये तो रिफाइंड तेल है

पचा जाता है अखाद्य खाद भी

आत्महत्या के लिए तो

हो रहे हैं

आदमी के हाथ बड़े -बड़े खेल।


शुभमस्तु !


23. 12.2025●12.45प०मा०

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